सफलता प्राप्त करने के लिए यह आवश्यक है कि हम अपनी सभी क्रियाओं को योजनाबद्ध तरीके से करें।
छात्र चाहे जिस उम्र का भी हो उसको स्वतंत्र रूप से दिया जाने वाला कार्य स्पष्ट व निश्चित होना चाहिए।
छात्रों की अध्ययन की आदतों पर उनकी शारीरिक स्वास्थ्य का बहुत प्रभाव पड़ता है। यदि छात्र का स्वास्थ्य सहीं नहीं होगा तो वह अध्ययन में एकाग्र नहीं हो पाएगा
पुस्तक के पाठ को सिर्फ उसमें प्रयोग होने वाले शब्दों से परिचित होने के लिए ही नहीं, अपितु उन शब्दों द्वारा व्यक्त किए गए विचारों का ज्ञान प्राप्त करने के लिए भी पढ़ा जाना चाहिए।
अध्ययन की उत्तम आदतों का विकास करने के लिए छात्रों को स्वयं से कुछ प्रश्नों की रचना करके उसके उत्तर खोजने दें।
छात्र जिस विषय का अध्ययन करता है, उसको सुनियोजित, संगठित करके ही संक्षेप में लिखा जा सकता है।
शिक्षक का महत्वपूर्ण कर्तव्य है कि छात्रों को अध्ययन सम्भबंधी निर्देशन दें। जिससे छात्रों में उत्तम अध्ययन आदतों का विकास हो सके।
छात्रों के विभिन्न समूह विभिन्न कक्षाओं में अध्ययन करते हैं। इन समूहों में छात्रों की रुचि किसी एक विषय के लिए समान नहीं होती है। अतः उस विषय के लिए अध्ययन संबंधी आदतें विभिन्न समूहों में अलग- अलग होगी।